थम्मा: अंत की गुत्थी और यक्षासन की रहस्यमय मुक्ति
क्या आपने कभी एक फिल्म देखी है जो आपको अंत में सोचने पर मजबूर कर दे? आयुष्मान खुराना और रश्मिका मंदाना की फिल्म "थम्मा" ने दर्शकों के दिलों में हलचल मचा दी है। यह फिल्म न केवल एक हॉरर कॉमेडी है, बल्कि इसमें वो गहराई भी है जो हर किसी को सोचने पर मजबूर कर देती है। आइए, जानते हैं इस फिल्म के दिलचस्प अंत और यक्षासन की मुक्ति के पीछे की कहानी।
यक्षासन की मुक्ति का रहस्य
फिल्म में, आयुष्मान का किरदार अलोक गोयल, वेताल की शक्तियों के साथ एक मिशन पर निकलता है। उसका लक्ष्य है तड़का (रश्मिका मंदाना) की रक्षा करना, जो यक्षासन (नवाज़ुद्दीन सिद्दीकी) और वेताल समुदाय के अन्य सदस्यों से खतरे में है। हालांकि, अलोक की यक्षासन से हुई लड़ाई में उसे हार का सामना करना पड़ता है। लेकिन यहाँ पर कहानी में एक ट्विस्ट आता है!
अलोक का पुनर्जन्म
जब अलोक को देवी से शक्तियाँ मिलती हैं, तो उसका पुनर्जन्म होता है। उसका दिल फिर से धड़कने लगता है, जो इसे अन्य वेतालों से अलग बनाता है। इसके बाद, वह यक्षासन को हराकर वेतालों का नया थम्मा बन जाता है। अब अलोक का उद्देश्य मानवों और वेतालों के बीच संतुलन बनाना है।
यक्षासन की फिर से गिरफ्तारी
हालाँकि, यक्षासन फिर से समुदाय द्वारा पकड़ा जाता है, लेकिन अंत में वह उनकी गिरफ्त से बच निकलता है। और यहाँ पर हमें एक और चौंकाने वाला खुलासा मिलता है। यक्षासन की मुक्ति का श्रेय जाता है ‘सरकाटा’ को, जो ‘स्त्री’ ब्रह्मांड का एक प्रमुख किरदार है।
सरकाटा का रहस्य
‘स्त्री 2’ के अंत में, सरकाटा को स्त्री द्वारा लावा में धकेल दिया गया था। लेकिन थम्मा में सरकाटा का फिर से प्रकट होना दर्शाता है कि वह एक नए, शक्तिशाली रूप में लौट सकता है। क्या यह सरकाटा का नया अवतार है, या वह फिर से जीवित है? यह सवाल हर दर्शक के मन में है।
निष्कर्ष
"थम्मा" एक मजेदार फिल्म है, जिसमें पहले भाग में थोड़ी सुस्ती है, लेकिन दूसरा भाग दर्शकों को बांध लेता है। यह फिल्म न केवल हास्य और डर का संगम है, बल्कि इसमें छिपे रहस्यों ने इसे और भी दिलचस्प बना दिया है।
यह फिल्म वर्तमान में Netflix पर स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध है।
क्या आपको लगता है कि यक्षासन और सरकाटा का यह संघर्ष आने वाले समय में और भी गहरा होगा? इस बारे में आपके क्या विचार हैं?









